गुरुग्राम, सतीश भरद्वाज: शहर में भारी बारिश के बाद हुए जलभराव और जाम को लेकर कांग्रेस जिला अध्यक्ष (शहरी) पंकज डावर ने सरकार और प्रशासन पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि डूबते गुडग़ांव को डूबने से बचाने में ट्रिपल इंजन की सरकार फेल हो चुकी है। हर साल ना डूबने देने के दावे सिर्फ दावे ही होते हैं, हकीकत में शहर डूबता ही है। जनता को घरों पर रहने की अपील करने की बजाय ऐसी सुविधा सरकार दे कि हर व्यक्ति अपना काम बिना परेशानी के कर सके। इसके लिए सरकार को अफसरों की जवाबदेही तय करनी होगी। करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी हालात खराब हैं तो अफसरों पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
कांग्रेस नेता ने प्रेस नोट जारी कर कहा कि गुडग़ांव प्रदेश में सबसे अधिक टैक्स देने वाला शहर है, इसे डूबने के लिए नहीं छोड़ा जा सकता। हर मानसून में शहर डूबता है, नुकसान होता है। मॉनसून खत्म होने के साथ ही शहर के डूबने का मामला ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है। उन्होंने सवाल किया कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी हर साल नेशनल हाइवे, सरकारी हॉस्पिटल और कॉलोनियों में पानी क्यों भर जाता है। ड्रेनेज सिस्टम, पंपिंग स्टेशन और नालों की सफाई के नाम पर खर्च हुए बजट का हिसाब कौन देगा। उन्होंने कहा कि गुडग़ांव व की जनता के टैक्स का पैसा विकास पर लग रहा है या विनाश पर, इसका जवाब सरकार को देना होगा।
शहरी जिला अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री की नजरों के आगे गुडग़ांव डूबता है, लेकिन उसे बचाने के ठोस प्रयास नहीं हो रहे। शहर में स्मार्ट सिटी, हाइटेक गुरुग्राम और वल्र्ड क्लास इंफ्रास्ट्रक्चर के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, लेकिन थोड़ी सी बारिश में ही शहर के अधिकांश क्षेत्र डूब जाते हैं। जिला की अर्थव्यवस्था मजबूत करने वाले उद्योगों में उत्पादन प्रभावित होता है। सडक़ें जाम रहती हैं। हर कोई परेशान होता है। पंकज डावर ने कहा कि दावों में गुडग़ांव बहुत विकसित शहर है, लेकिन जमीन पर काम जीरो नजर आता है। कांग्रेस जिला अध्यक्ष ने मांग की है कि सरकार जलभराव के लिए जिम्मेदार अधिकारियों, इंजीनियरों और ठेकेदारों की जवाबदेही तय करे। उनकी कार्यप्रणाली की जांच कराकर उन पर कड़ी कार्रवाई भी की जाए और दंडित भी किया जाए।
उन्होंने कहा कि पिछले 10 साल में जलनिकासी और सडक़ों पर खर्च हुए करोड़ों रुपये की हाई लेवल जांच कराई जाए। दोषियों पर एफआईआर हो और वसूली की जाए। साथ ही मानसून से पहले ड्रेनेज की सफाई, पंपों की मरम्मत और आपातकालीन प्लान को युद्धस्तर पर पूरा किया जाए। पंकज डावर ने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने जल्द ठोस कदम नहीं उठाए तो कांग्रेस कार्यकर्ता जनता के साथ सडक़ पर उतरकर आंदोलन करेंगे।

