
गुरुग्राम, सतीश भारद्वाज :गुरुग्राम के सेक्टर-54 में केंद्रीय मंत्रियों मनोहर लाल और भूपेंद्र यादव ने शनिवार को 750 एकड़ में बनने वाले ‘मातृ वन’ का शिलान्यास किया। यह परियोजना एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के तहत शुरू की गई है। इसमें स्थानीय प्रजातियों जैसे **बरगद, पीपल, नीम, गुल्लर, ईमली, बांस** आदि के पौधे लगाए जाएंगे।
मातृ वन में नक्षत्र वाटिका, राशि वाटिका, बटरफ्लाई पार्क, कैक्टस गार्डन और औषधीय पौधों की संरचना भी विकसित की जाएगी। इसका उद्देश्य गुरुग्राम और एनसीआर क्षेत्र को हरित और स्वच्छ बनाना है।
मंत्री मनोहर लाल ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को 15 से 16 पेड़ों की आवश्यकता होती है ताकि वह अपने द्वारा उत्सर्जित कार्बन की भरपाई कर सके। उन्होंने बताया कि देश में अब नॉन-फॉसिल एनर्जी का हिस्सा 50% से अधिक हो चुका है और 2047 तक 100 गीगावाट न्यूक्लियर एनर्जीउत्पादन का लक्ष्य है।
भूपेंद्र यादव ने कहा कि मातृ वन दिल्ली-एनसीआर का ग्रीन हार्ट’ बनेगा। उन्होंने ग्रीन अरावली परियोजना और तितली पार्क को प्राथमिकता देने की बात कही।
वन मंत्री राव नरबीर सिंह ने कहा कि अरावली क्षेत्र में काबुली कीकर हटाकर स्थानीय वृक्षों से हरियाली को बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने पॉलिथीन का बहिष्कार कर पर्यावरण संरक्षण में जनता की भागीदारी की अपील की।
इस अभियान में बड़ी संख्या में **कॉर्पोरेट संगठनों, स्वयंसेवकों और स्कूली छात्रों** ने भाग लिया और पौधरोपण किया।
