गुरुग्राम, सतीश भारद्वाज: नगर निगम गुरुग्राम ने आयुध डिपो के प्रतिबंधित क्षेत्र में अवैध निर्माण के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई करते हुए 9 निर्माणाधीन भवनों को सील कर दिया। यह कार्रवाई सुप्रीम कोर्ट तथा पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के आदेशों के अनुपालन में की गई। नगर निगम अधिकारियों के अनुसार प्रतिबंधित क्षेत्र में इन भवनों का निर्माण बिना अनुमति एवं न्यायालय के आदेशों की अवहेल ना करते हुए किया जा रहा था। न्यायालय के स्पष्ट निर्देशों के अनुसार आयुध डिपो के प्रतिबंधित क्षेत्र में किसी भी प्रकार के निर्माण कार्य पर प्रतिबंध लागू है। इसके बावजूद नियमों का उल्लंघन कर निर्माण कार्य जारी रखा गया था। नगर निगम की टीम ने सहायक अभियंता आशीष के नेतृत्व में मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करते हुए सभी 9 निर्माणाधीन भवनों को सील कर दिया। साथ ही अवैध निर्माण कराने वाले संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध नियमानुसार कानूनी कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि आयुध डिपो के प्रतिबंधित क्षेत्र में न्यायालय के आदेशों का उल्लंघन किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जाएगा। ऐसे सभी मामलों की लगातार निगरानी की जा रही है तथा जहां भी अवैध निर्माण पाया जाएगा, वहां सीलिंग, ध्वस्तीकरण एवं कानूनी कार्रवाई सहित नियमानुसार सख्त कदम उठाए जाएंगे। नगर निगम आयुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट एवं
तथा हाईकोर्ट के आदेशों का पालन सुनिश्चित करना निगम की प्राथमिकता है। आयुध डिपो के प्रतिबंधित क्षेत्र में किसी भी प्रकार का अवैध निर्माण स्वीकार नहीं किया जाएगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। नागरिकों से भी अपील है कि वे प्रतिबंधित क्षेत्र में किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य न करें और न्यायालय के आदेशों का पूर्ण पालन करें।
