
गुरुग्राम, खटाना : जिला गुरुग्राम में सोहना खंड के गांव रिठौज निवासी एडवोकेट रविंद्र खटाना पुत्र दलबीर सिंह एडवोकेट अतिरिक्त जिला न्यायाधीश एडिशनल बने हैं। एडवोकेट रविंद्र की इस सफलता से क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई और परिजनों को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है। उन्होंने बताया कि तीसरे प्रयास में यह सफलता मिली है। उन्होंने युवाओं को सफलता का मंत्र बताया कि साफ नीयत के साथ निरंतर कड़ी मेहनत से पढ़ाई करने से सफलता जरुर मिलती है। असफलता से भी घबराना नहीं चाहिए और निरंतर प्रयास जारी रखना चाहिए, एक दिन सफलता जरुर मिलेगी। रविंद्र के परिवार को बधाई देने वाले लोगों की शनिवार को दिनभर घर पर भीड़ लगी रही।
इस दौरान कांग्रेस नेता हेमराम खटाना, प्रताप खटाना, शैलेश खटाना, बिरजू अधाना ,राम खटाना के अलावा सैंकड़ों लोगों ने रविंद्र को इस सफलता के लिए बधाई व शुभकामनाएं दी। रविन्द्र खटाना ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा तीसरी कक्षा तक गांव रिठौज के सरकारी स्कूल से प्राप्त की थी। इसके बाद उनका परिवार गुरुग्राम स्थानांतरित हो गया, जहां उन्होंने 12वीं तक की शिक्षा एसडी आदर्श पब्लिक स्कूल से पूरी की। आगे की पढ़ाई के लिए उन्होंने एलएलबी (एलएलबी) गुरुग्राम के सेक्टर-40 स्थित लॉ कॉलेज से जबकि एलएलएम कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से की थी।
उन्होंने वर्ष 2015 से चंडीगढ़ (यूटी) में असिस्टेंट पब्लिक प्रॉसिक्यूटर के रूप में सेवाएं शुरू कीं। इसके बाद वे डिप्टी पब्लिक प्रॉसिक्यूटर तथा पब्लिक प्रॉसिक्यूटर के पद पर कार्यरत रहे। इस दौरान उन्होंने निरंतर न्यायिक सेवा की परीक्षाएं दीं और अंततः उनका चयन अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश पद पर हो गया। उनके पिता दलबीर खटाना साकेत कोर्ट में अधिवक्ता हैं। उनसे मिली प्रेरणा ने उन्हें न्यायिक सेवा के मार्ग पर आगे बढ़ने का संकल्प दिया। माता-पिता के आशीर्वाद के साथ-साथ धर्मपत्नी और बच्चों का सहयोग भी उनकी सफलता की मजबूत नींव बना।
*ऊंचे मुकाम पर तैयारी में परिवार बना सबसे बड़ी ताकत*
उच्च पद पर पहुंचने की तैयारी के दौरान रविन्द्र खटाना की सबसे बड़ी ताकत उनका परिवार रहा। विशेष रूप से उनकी धर्मपत्नी ने घर और बच्चों की जिम्मेदारियों को संभाली, जिससे उन्हें अध्ययन के लिए अतिरिक्त समय मिल सका। बच्चों ने भी अपने पिता के संघर्ष को समझा और उन्हें हर कदम पर हौसला दिया। उनकी इस पद पर नियुक्त पर गांव,क्षेत्र, में ख़ुशी की लहर दौड़ रहीं हैं, वहीं जिले स्कूल तथा सैक्टर 40 कालेज का नाम भी रौशन हो गया है।

