गुरुग्राम,सतीश भारद्वाज : गुरुग्राम कार्यालय में कांग्रेसियों ने आजादी की 79वीं वर्षगांठ देश के शहीदों को नमन कर श्रद्धांजलि देते हुए मनाई। कार्यक्रम की अध्यक्षता कांग्रेस सेवादल के अध्यक्ष कृष्ण सैनी ने की। इस दौरान कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं व कार्यकर्ताओं ने देश की आजादी में अपनी भूमिका निभाने वाले स्वतंत्रता सेनानियों, क्रांतिकारियों को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि दी।
कांग्रेस नेताओं ने अपने संबोधन में कहा कि देश की आजादी में कांग्रेस की भूमिका ऐतिहासिक रही है। इस भूमिका को देश के इतिहास में स्वर्णिम अक्षरों में दर्ज किया गया है। कांग्रेस ने भारत को यूनाइटेड किंगडम से आजादी दिलाई और ब्रिटिश साम्राज्य में अन्य उपनिवेश-विरोधी राष्ट्रवादी आंदोलनों को महत्वपूर्ण रूप से प्रभावित किया। भारत के सबसे प्रभावशाली स्वतंत्रता सेनानियों में से एक राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने स्वतंत्रता की तलाश में ब्रिटिश लोगों के खिलाफ विभिन्न अहिंसक विरोधों का नेतृत्व किया। जिसमें दांडी मार्च आंदोलन भी शामिल था, जिसे गांधी जी ने नमक टैक्स को हटाने के लिए नंगे पैर किया था।
कांग्रेस ने अपनी मूलभूत वादों पर मजबूती से खड़े रहते हुए एक ऐसा संविधान प्रस्तुत किया, जिसने अस्पृश्यता और जाति, धर्म या लिंग के आधार पर भेदभाव को समाप्त किया। प्राथमिक शिक्षा को एक अधिकार बनाया गया। और कांग्रेस सरकारों ने जमींदार प्रणाली को अवैध घोषित किया। न्यूनतम मजदूरी निर्धारित की। हड़ताल करने और श्रमिक संघ बनाने का अधिकार दिया। कांग्रेस पार्टी सामाजिक समानता, स्वतंत्रता, धर्मनिरपेक्षता और समान अवसर पर जोर देती है। पार्टी ने किसानों, श्रमिकों और महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम का प्रतिनिधित्व किया है। इस अधिनियम का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका सुरक्षा को बढ़ाना रहा, जिसमें हर परिवार के वयस्क सदस्यों को अन-स्किल्ड मैनुअल काम करने के लिए 100 दिन की गारंटी वाली मजदूरी रोजगार प्रदान करना शामिल है। इसका एक अन्य लक्ष्य टिकाऊ संपत्तियों (जैसे सडक़ों, नहरों, तालाबों और कुंडों) का निर्माण करना भी रहा। ग्रामीण अंचल में इस योजना से खूब लाभ हुआ। लोगों को रोजगार भी मिला और संसाधन भी तैयार हुए।
इस अवसर पर वरिष्ठ नेता इंद्रजीत सैनी, सुनीता सहरावत, सीमा पाहुजा, रामपत प्रेमी,पूजा शर्मा, सूबे सिंह यादव, अमित कोचर, श्याम लाल, बबलू प्रजापति, रेखा सैनी, सुमन देवी, सतवंती नेहरा, जसविंद्र बिसला, राजीव यादव, रविंद्र तिघरा, मनोज आहुजा, कुलदीप बडग़ुजर, मुकेश डागर कोच, कृष्ण वाल्मीकि, सहित अनेक जिला स्तरीय वरिष्ठ नेता व कार्यकर्ता मौजूद रहे।
*डिजिटल क्रांति कांग्रेस की देन*
देश में डिजिटल कांति कांग्रेस की ही देन है कांग्रेस नेताओं ने कहा कि देश के हित में कांग्रेस ने काम करते हुए देश को विकसित बनाने की ओर अग्रसर किया। जिस डिजिटल क्रांति की आज हम बातें कर रहे हैं, असल में वह कांग्रेस के प्रधानमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी की ही देन हैं। वे ही इस क्रांति लेकर देश में लेकर आए थे। कम्यूटर को देश में लाकर उन्होंने देश के विकास की राह में एक नया माइल स्टोन तैयार किया था। कम बोलने और काम करने में विश्वास रखने वाली कांग्रेस पार्टी का जब भी शासन रहा, देश को एक नई राह दिखाने का काम किया। आज बातें बड़ी हो रही हैं काम कम हो रहे हैं। कांग्रेस के शासन में ऐसा नहीं होता था। काम होता था मगर काम को प्रचारित नहीं किया जाता था। देश की जनता को लाभ दिया जाता था। गरीबों के लिए भी योजनाएं चलती थीं, लेकिन उनका बखान करके गरीबी का मजाक उड़ाने जैसा काम नहीं किया जाता था।

