गुरुग्राम, सतीश भारद्वाज : जिला उपायुक्त ने राजस्व विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में किसी भी सूरत में इंतकाल लंबित नहीं रहने चाहिए। पेपरलेस रजिस्ट्री निर्धारित समयावधि में पूर्ण की जाए। वे लघु सचिवालय सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। डीसी अजय कुमार ने कहा कि दिए गए निर्देशों की शत-प्रतिशत पालना सुनिश्चित की जाए। बैठक में जमाबंदी बकाया (ऑनलाइन एवं ऑफलाइन), लंबित इंतकालों के निपटान, ततीमा अपडेशन, एग्री स्टैक पंजीकरण, रजिस्ट्रियों की अपलोडिंग एवं स्कैनिंग कार्य की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई।डीसी ने कहा कि सभी रजिस्ट्रियों का समयबद्ध अपलोड एवं स्कैनिंग कार्य पूर्ण हो, ताकि रिकॉर्ड डिजिटाइजेशन की प्रक्रिया में कोई बाधा न आए।
उन्होंने निर्देश दिए कि जमाबंदी से संबंधित लंबित मामलों को प्राथमिकता से निपटाया जाए तथा इंतकालों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। इसके अतिरिक्त, न्यायालयों में लंबित राजस्व न्यायालय संबंधी प्रकरणों, तकसीम (विभाजन) के मामलों की वर्तमान स्थिति तथा समाधान शिविरों में प्राप्त बकाया शिकायतों के निपटान की भी समीक्षा की गई। डीसी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कोर्ट केसों एवं तकसीम मामलों में अनावश्यक देरी न हो तथा समाधान शिविरों की शिकायतों का तय समयसीमा में समाधान सुनिश्चित किया जाए। डीसी ने कहा कि एग्री स्टैक योजना के तहत अधिक से अधिक किसानों को जोड़ा जाए। इस योजना के माध्यम से किसानों की पहचान, भूमि रिकॉर्ड और फसल संबंधी जानकारी का एकीकृत डिजिटल डाटाबेस तैयार किया जा रहा है, जिससे किसानों को सरकारी योजनाओं का लाभ सुगमता से मिल सके। डीसी ने कहा कि नागरिकों को सुगम, पारदर्शी एवं त्वरित राजस्व सेवाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में बादशाहपुर के एसडीएम संजीव सिंगला, गुरुग्राम के एसडीएम परमजीत चहल, पटौदी के एसडीएम दिनेश लुहाच, मानेसर के एसडीएम दर्शन यादव, सोहना के एसडीएम अखिलेश यादव, जिला राजस्व अधिकारी विजय यादव सहित सभी तहसीलदार एवं नायब तहसीलदार मौजूद रहे।

